कानपुर: कानपुर की सड़कों पर रविवार को मचे तांडव के मुख्य आरोपी शिवम मिश्रा को पुलिस ने गुरुवार को गिरफ्तार कर लिया। Times of India और NDTV की रिपोर्ट के अनुसार, शिवम को शहर के ही एक अस्पताल से हिरासत में लिया गया, जहाँ वह कथित तौर पर अपना इलाज करा रहा था। 8 फरवरी को हुए इस भीषण हादसे में शिवम की तेज रफ्तार Lamborghini Revuelto ने कई वाहनों और पैदल यात्रियों को रौंद दिया था, जिसमें करीब 6 लोग घायल हुए थे।
क्या ड्राइवर 'मोहन' केवल एक मोहरा था?
हादसे के बाद इस केस ने तब नया मोड़ ले लिया जब बुधवार को मोहन नाम के एक ड्राइवर ने सरेंडर करने की कोशिश की और दावा किया कि गाड़ी वह चला रहा था। हालांकि, पुलिस ने इस दावे को सिरे से खारिज कर दिया।
- CCTV फुटेज: स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत लगे कैमरों ने शिवम की पोल खोल दी। फुटेज में साफ दिखा कि ड्राइविंग सीट पर शिवम ही मौजूद था।
- चश्मदीदों की गवाही: मौके पर मौजूद लोगों का कहना है कि एक्सीडेंट के तुरंत बाद पीछे चल रही एसयूवी से आए बाउंसर्स ने शिवम को ड्राइविंग सीट से बाहर निकाला और दूसरी गाड़ी में ले गए।
- मोबाइल लोकेशन: तकनीकी जांच में शिवम की लोकेशन भी घटना के वक्त उसी स्थान पर पाई गई।
तंबाकू साम्राज्य और विवादों का पुराना नाता
शिवम मिश्रा, मशहूर तंबाकू कारोबारी के.के. मिश्रा (बंशीधर तंबाकू ग्रुप) के बेटे हैं। यह परिवार पहली बार सुर्खियों में नहीं आया है:
- 2024 के IT छापे: मार्च 2024 में इस ग्रुप पर देशव्यापी छापेमारी हुई थी, जिसमें 50 करोड़ से ज्यादा की लग्जरी कारें और करोड़ों की नकदी बरामद हुई थी।
- लग्जरी कारों का शौक: शिवम के पास रॉल्स रॉयस, मैकलेरन और फेरारी जैसी कई गाड़ियां हैं, जिनका नंबर प्लेट अक्सर '4018' होता है।
विशेषज्ञों की राय और कानूनी पेच
पूर्व पुलिस अधिकारियों और विशेषज्ञों का मानना है कि इस मामले में पुलिस पर शुरुआत में दबाव बनाने की कोशिश की गई। किरण बेदी ने भी इस देरी पर सवाल उठाए थे। बचाव पक्ष के वकील का दावा है कि शिवम को 'मिर्गी के दौरे' (Seizures) पड़ते हैं और हादसे के वक्त वह होश में नहीं था। हालांकि, कानून के जानकारों का कहना है कि अगर किसी को ऐसी बीमारी है, तो उसे हाई-स्पीड स्पोर्ट्स कार चलाने का लाइसेंस मिलना ही नहीं चाहिए था।
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निष्कर्ष (Conclusion)
कानपुर लैम्बोर्गिनी कांड ने एक बार फिर रईसजादों की लापरवाही और सड़क सुरक्षा के कड़े नियमों की जरूरत को सामने ला दिया है। शिवम की गिरफ्तारी तो हो गई है, लेकिन क्या पीड़ितों को पूरा न्याय मिलेगा? #timelessindianews इस मामले की हर पल की अपडेट आप तक पहुँचाता रहेगा।
| विवरण | जानकारी |
| आरोपी | शिवम मिश्रा (पुत्र के.के. मिश्रा) |
| कार का मॉडल | लैम्बोर्गिनी रेवुएल्टो (कीमत ₹10 करोड़+) |
| घटना की तारीख | 8 फरवरी 2026 (रविवार) |
| गिरफ्तारी की तारीख | 12 फरवरी 2026 (गुरुवार) |
| घायलों की संख्या | 6 (लगभग) |
| प्रमुख धाराएं | BNS 281, 125, 324(4) |
पाठकों के लिए सवाल: क्या आपको लगता है कि लग्जरी कार चलाने वालों के लिए ड्राइविंग लाइसेंस के नियम और कड़े होने चाहिए? कमेंट्स में बताएं!
⚡️ डिस्करीमर: यह लेख मीडिया रिपोर्ट्स और पुलिस द्वारा दी गई जानकारी पर आधारित है। मामले की जांच अभी जारी है और कोर्ट का फैसला अंतिम होगा। #timelessindianews
Sources: Times of India
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